देवराज मुखर्जी
घाटशिला : टाटा इलेक्ट्रो होम्यो मेडिकल कॉलेज, घाटशिला में एक समारोह का आयोजन कर इलेक्ट्रो होम्योपैथी के जनक डॉक्टर काउंट सीजर मैटी की जयंती भव्य ढंग से मनाई गई।
समारोह के प्रारंभ में चिकित्सको ने डॉक्टर काउंट सीजर मैटी के चित्र पर माल्यार्पण और दीप प्रज्वलित कर श्रद्धा सुमन अर्पित किया ल समारोह की अध्यक्षता कॉलेज के प्राचार्य डॉक्टर डी वाई विश्वकर्मा ने किया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए डॉक्टर डी वाई विश्वकर्मा ने कहा कि यह चिकित्सा पद्धति पूर्ण रूप से पेड़ पौधों पर आधारित है जिस कारण इसका कोई दुष्प्रभाव नहीं है। मानव शरीर पांच तत्वों के मेल से बना है और इन पांच तत्वों में किसी प्रकार की विकार उत्पन्न होने पर ही व्यक्ति रोग ग्रस्त होता है और यह चिकित्सा प्रणाली उस विकार के जड़ तक जाकर उसे ठीक करता है । यही कारण है कि इलेक्ट्रो होम्योपैथी कैंसर जैसे असाध्य रोग को भी ठीक कर देता है। उन्होंने कहा इलेक्ट्रो होम्योपैथ के साथ भारत का एक अन्यनाश्रय संबंध है। डॉक्टर मैटी मानते थे पौधों में विद्युत शक्ति है जो विभिन्न रोगों के नाश में कारगर साबित हो सकती है । उन्होंने कहा इसका जिक्र हमारे गरुड़ पुराण में भी किया गया है । डॉक्टर डीडी लोहरा ने इलेक्ट्रो होम्योपैथी के जनक डॉक्टर काउंट सीजर मैटी के जीवनी पर प्रकाश डाला। डॉ पी ठाकुर ने कहा इलेक्ट्रो होम्योपैथी रक्त और रस पर सीधे काम करता है जिस कारण रोगी को तुरंत आराम पहुंचता है।
साथ ही डॉक्टर पी ठाकुर, डॉक्टर गोवर्धन जी, डॉक्टर पी मिश्रा, डॉक्टर सोमनाथ मिश्रा आदि ने भी अपने विचार रखें । कार्यक्रम में मुख्य रूप से डॉ मनोज कुमार,डॉक्टर कंचन चौधरी,गौरांग कर्मकार ,डॉक्टर तपेश्वर शर्मा, डॉ डी राय, डॉ मनोज कुमार, डॉक्टर कंचन चौधरी सहित कई डॉक्टर वह स्थानीय लोग उपस्थित थे। कार्यक्रम का संचालन डॉक्टर संजीत महतो ने किया ।









