महाशिवरात्रि के दिन पूर्व विधायक कुणाल षाड़ंगी ने बहरागोड़ा के प्रसिद्ध चित्रेश्वर धाम में पूजा अर्चना कर सुझाव यात्रा की शुरुआत की।
सुझाव यात्रा के पहले दिन पूर्व विधायक कुणाल षाड़ंगी ने बरगाडिया पंचायत के विभिन्न गांव में जा कर लोगों के साथ बैठक कर वर्तमान राजनीतिक और सामाजिक विषयों पर चर्चा की और पिछले तीन सालो में बर्तमान विधायक की कार्यशैली पर ग्रामीणों की प्रतिक्रिया के साथ – साथ व्यवस्था मे सुधार के लिए उनके सुझाव मांगे l इस दौरान बरगाडिया पंचायत के विभिन्न गांव में आयोजित इस बैठक में पूर्व विधायक कुणाल षाड़ंगी ने उनके कार्यकाल के दौरान किये गए सभी प्रकार के कामों को जनता के समक्ष रखते हुए कहा कि हमने आपके बरगाडिया पंचायत के लोगों की सहूलियत के लिए घटबुड़ा शिशु मंदिर विद्यालय में 2 कमरों का निर्माण करवाया। नागुर साई,बरगाडिया में समर्सेवल का निर्माण ,पानीपड़ा हरिजन वस्ती में पानी टंकी का निर्माण करवाया इसके साथ ही कानीमहुली,पलाशवनी,बृन्दाबानपुर और भालुक कुलिया में 300 फिट पीसीसी का निर्माण कार्यों को किया गया है। उन्होंने उपस्थित जनता से पूछा की आप बताए कि पिछले तीन सालों मे इस पंचायत मे बालू तस्करी के अलावा क्या हुआ है ? टेंडर मैनेज करने मे विधायक का वीडियो सामने आया था। इनके इर्द गिर्द रहने वालों का नाम दर्जनो बार गौतस्करी, गैस कटिंग ओवरलोडिंग जैसै मामलो मे आया है लकिन राजनीतिक संरक्षण में कारायवाही नही होती है। अब यह नौटंकी नही चलेगी। इसके साथ ही उन्होंने बहरागोड़ा मार्केट में खुलेआम पिस्टल लेकर घूमने वालों के ऊपर उच्चस्तरीय जांच की मांग की।
इस मौके पर उपस्थित भाजपा नेता सुमन कल्यान मंडल ने कहा कि बहरागोड़ा में पहली बार ऐसा हुआ कि कोई राजनैतिक संरक्षण प्राप्त व्यक्ति खुलेआम मार्केट के अंदर पिस्टल ले कर घूम रहा है l व्यवस्था की इससे भयावह तस्वीर और कोई हो नहीं सकती है l विधायक के सारे काम मे भतीजा और भांजे की पॉकेट भरो की राजनीति चल रही है जो यहाँ के जनता और झामुमो कार्यकर्ताओं के लिए भी दुर्भाग्यपूर्ण है।
इस सुझाव यात्रा के दौरान पानीपड़ा गांव निवासी अजीत सेनापति को ट्राइसाइकिल एबं देवाशीष घोष को एक स्मार्ट स्टिक भी दिया गया।

इस मौके पर शास्त्री हेम्ब्रम, सुदीप पटट्नायक, शंकर हालदार,रोहित कुईला, शशांक शेखर पाल , परेश सिंह, चंदन पातर,दीपक बारीक, अभिजीत दास,पूर्णेन्दु पात्र,चीकू गोस्वामी,बिद्युत वरण महतो,बाबलु गिरी,फनीभूषण बागुली,अशोक मुंडा,असुतोष मुंडा, रामदश मुर्मू,अनिमेष साहू, उमेश राउत,रामजीबन मुंडा,ग्रामप्रधन हरिराम नायक, बिधना बेशारा, तरुण बनर्जी,रासबिहारी मुर्मू, सत्त्यारंजन कमीला, भाबत मुर्मू, धनुराम मंडी, संभू राणा,उत्पल राणा,अभिजीत घोष, अनंतो बागिरी, सुखेंदु दण्डपात,गौरंगा खमरी,गौरचंद्र दास, राबिन चंद्र दास, सुकुमार घोष,चंदू बेला,पसनतो बागुली ,चुनु बगुली समेत अन्य गांव के सैकड़ों लोग उपस्थित रहे।










